बनारस न्यूज डेस्क: वाराणसी में सड़क हादसे में बीजेपी नेता रूद्रेश प्रताप सिंह (32) की मौत हो गई। वह बुधवार दोपहर एक बीजेपी नेता से मिलने क्षेत्रीय कार्यालय जा रहे थे। इसी दौरान राजातालाब थाना क्षेत्र के पास उनकी गाड़ी डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल रूद्रेश ने अपने परिचित लवकुश को फोन कर मदद मांगी। उन्होंने कहा, “भाई, जल्दी से आकर बचा लो।” इसके बाद लवकुश ने स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें अस्पताल पहुंचवाया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
रूद्रेश प्रताप सिंह मिर्जापुर के कोन विकासखंड के कमासिन गांव के रहने वाले थे। वह बीजेपी की जिला कार्यसमिति के सदस्य थे और बुधवार को अपनी गाड़ी से अकेले वाराणसी के लिए निकले थे। क्षेत्रीय कार्यालय पहुंचने से पहले ही रास्ते में उनकी गाड़ी डिवाइडर से टकरा गई। हादसे की जानकारी मिलते ही उनके परिवार को सूचना दी गई। वहीं, बीजेपी के कई नेता और कार्यकर्ता भी अस्पताल पहुंचे।
चार साल पहले हुई थी शादी, दो छोटे बेटे
रूद्रेश युवावस्था से ही बीजेपी से जुड़े हुए थे। जिला कार्यसमिति का सदस्य बनने से पहले वह बीजेपी किसान मोर्चा के जिला मंत्री भी रह चुके थे। करीब चार साल पहले उनकी शादी निशा सिंह से हुई थी। उनके दो बेटे हैं, राघव (2) और वेदु (3)। रूद्रेश के पिता हेमंत कुमार सिंह की करीब 15 साल पहले ट्रेन हादसे में मौत हो गई थी। उनकी मां सुमन सिंह कमासिन गांव के प्राथमिक विद्यालय में शिक्षामित्र हैं, जबकि उनके छोटे भाई निर्वाण सिंह (28) दिल्ली में एक निजी कंपनी में काम करते हैं।
रूद्रेश की मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। पति को खोने की खबर सुनकर निशा सिंह अपने दोनों बच्चों को देखकर फूट-फूटकर रोने लगीं। इस घटना से बीजेपी कार्यकर्ताओं और उनके परिचितों में भी शोक है। बीजेपी जिलाध्यक्ष लाल बहादुर सरोज, मनोज दुबे समेत कई नेता और कार्यकर्ता अस्पताल पहुंचे। जिलाध्यक्ष लाल बहादुर सरोज ने रूद्रेश के निधन पर दुख जताया और दिवंगत आत्मा की शांति के साथ परिवार को इस मुश्किल समय में हिम्मत देने की प्रार्थना की।