कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सरे (Surrey) शहर में मई की शुरुआत में हुई एक सनसनीखेज हत्या के मामले में अंतर्राष्ट्रीय खुफिया एजेंसियों और कनाडा पुलिस की जांच में एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। 4 मई, 2026 की दोपहर को दिनदहाड़े अंधाधुंध गोलियां बरसाकर मार दिया गया शख्स कोई आम नागरिक नहीं, बल्कि भारत के सबसे खूंखार जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई (Lawrence Bishnoi) के सिंडिकेट का कनाडा में मुख्य सिपहसालार और 'टॉप हैंडलर' था।
कनाडा की प्रमुख मीडिया विंग 'द फिफ्थ एस्टेट' (CBC News) और जांच सूत्रों के मुताबिक, मृतक की पहचान गुरविक्रमजीत सिंह वारिंग (Gurvikramjeet Singh Warring) के रूप में हुई है, जिसे आपराधिक गलियारों में 'सैम कनाडा' या 'सतवीर सिंह वारिंग' के कोड नेम (Aliases) से जाना जाता था।
बिजनेस ऑफिस में घुसकर मारी थी गोली
सरे पुलिस सर्विस और इंटीग्रेटेड होमिसाइड इन्वेस्टिगेशन टीम (IHIT) के आधिकारिक दस्तावेजों के मुताबिक, यह वारदात 4 मई, 2026 की दोपहर ठीक 3:03 बजे हुई थी। हमलावरों ने सरे के '13000 ब्लॉक, 76 एवेन्यू' स्थित 'वैंकूवर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट' की इमारत में बने एक कमर्शियल बिजनेस ऑफिस को निशाना बनाया, जहां गुरविक्रमजीत ने एक केबिन किराए पर ले रखा था। दो हथियारबंद शूटर बेहद इत्मीनान से ऑफिस के अंदर दाखिल हुए, गुरविक्रमजीत को बेहद करीब से कई गोलियां मारीं और आराम से पैदल ही बाहर निकल गए। गंभीर रूप से घायल वारिंग ने मौके पर ही दम तोड़ दिया और पैरामेडिक्स ने उसे मृत घोषित कर दिया।
रोहित गोदारा का फेसबुक पोस्ट— 'लिस्ट तैयार है'
इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड के ठीक अगले दिन यानी 5 मई, 2026 को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के कट्टर प्रतिद्वंद्वी और भारत-कनाडा में वांछित गैंगस्टर रोहित गोदारा (Rohit Godara) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर एक विस्तृत पोस्ट साझा कर इस मर्डर की पूरी जिम्मेदारी ली। गोदारा ने अपनी पोस्ट में लिखा:
"सरे में जो मर्डर हुआ है, उसकी जिम्मेदारी हम लेते हैं। यह हमारे दुश्मनों (बिश्नोई सिंडिकेट) का मुख्य हैंडलर था, जो कनाडा में बैठकर हमारे खिलाफ नेटवर्क चला रहा था। सूची पूरी तरह तैयार है, और जो कोई भी हमारे दुश्मनों को पनाह देगा या उनकी मदद करेगा, उसका यही अंजाम होगा।"
क्रिकेट मैच फिक्सिंग और 'क्रिकेट कनाडा' पर मंडराया साया
कनाडा पुलिस और खुफिया एजेंसियों के हाथ लगे इनपुट्स के अनुसार, गुरविक्रमजीत सिंह उर्फ 'सैम कनाडा' केवल जबरन वसूली (Extortion) या ड्रग सिंडिकेट तक सीमित नहीं था। वह कनाडा के घरेलू और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच फिक्सिंग और अवैध सट्टेबाजी (Bookies) के एक बहुत बड़े ग्लोबल नेटवर्क को संचालित कर रहा था।
गौरतलब है कि हाल ही में जून 2026 के पहले हफ्ते में ही, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने क्रिकेट कनाडा (Cricket Canada) को गंभीर प्रशासनिक उल्लंघनों और 'बिश्नोई गैंग से जुड़े संदिग्ध तत्वों व सट्टेबाजों के बढ़ते प्रभाव व डराने-धमकाने के आरोपों' के चलते तुरंत प्रभाव से सस्पेंड (निलंबित) कर दिया है। पुलिस अब इस बात की कड़ियों को जोड़ रही है कि क्या गुरविक्रमजीत की हत्या इसी फिक्सिंग सिंडिकेट में पैसों के लेन-देन और वर्चस्व की जंग का नतीजा थी।
कनाडा में बेकाबू होती गैंगवार
कनाडा सरकार द्वारा पिछले साल ही लॉरेंस बिश्नोई गैंग को एक 'आतंकवादी इकाई/खतरा' घोषित किए जाने के बावजूद, कनाडाई धरती पर भारतीय मूल के गैंगस्टरों के बीच खूनी खेल थमने का नाम नहीं ले रहा है। सरे के मेयर ने कानून-व्यवस्था की इस वीभत्स स्थिति को देखते हुए देश में राष्ट्रीय आपातकाल (National State of Emergency) लगाने की मांग की है। हालांकि घटना के कई हफ्ते बीत जाने के बाद भी IHIT ने अब तक किसी शूटर की आधिकारिक गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की है।