बनारस न्यूज डेस्क: फगुनहटा बहने के साथ ही मौसम में वसंत की आहट साफ महसूस होने लगी है। बीते तीन दिनों से चल रही तेज पछुआ हवा के असर से पेड़ों के पत्ते झड़ने लगे हैं और नई कोंपलें भी फूटने लगी हैं। खेतों में सरसों के पीले फूल खिल उठे हैं और मौसम में हल्की-सी मादकता घुल गई है। हालांकि सोमवार से तेज पछुआ हवा की रफ्तार अब धीमी पड़ने वाली है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, अगले तीन दिनों तक पछुआ हवाओं की गति कम रहेगी और तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। इसके चलते दिन के समय गर्माहट बढ़ेगी, जबकि सुबह, शाम और रात की ठंड में भी कमी आएगी। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि फिलहाल कोई सक्रिय मौसम तंत्र नहीं है, जिससे तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है।
बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक, दो-तीन दिनों बाद एक पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में फिर बदलाव देखने को मिल सकता है। हल्की ठंडी हवा, बदली और कोहरे की धुंध से तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है, हालांकि कंपकंपाने वाली ठंड नहीं होगी और मौसम वासंती बना रहेगा।
पिछले 24 घंटों में तेज धूप और पछुआ हवा के कारण बीएचयू क्षेत्र में अधिकतम तापमान 28.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.1 डिग्री अधिक रहा। न्यूनतम तापमान 12.4 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं बाबतपुर क्षेत्र में अधिकतम तापमान 26.5 डिग्री और न्यूनतम 10.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, इस दौरान 12 से 20 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलती रहीं।