बनारस न्यूज डेस्क: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के बीच रेल संपर्क को मजबूत करते हुए दो नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई है। 28 अप्रैल 2026 को शुरू की गई ये सेवाएं—बनारस से पुणे (हडपसर) और अयोध्या से मुंबई (लोकमान्य तिलक टर्मिनस)—लंबी दूरी की यात्रा को आसान और किफायती बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई हैं।
ये ट्रेनें विशेष रूप से कम और मध्यम आय वाले यात्रियों को ध्यान में रखकर डिजाइन की गई हैं। पूरी तरह से नॉन-एसी (Non-AC) होने के कारण इनमें जनरल और स्लीपर क्लास के कोच शामिल हैं, जो बजट में यात्रा करने वालों के लिए एक बेहतरीन विकल्प हैं। यह पहल भारतीय रेलवे के उस प्रयास का हिस्सा है, जिसके तहत आम यात्रियों के लिए सुविधाओं को सुलभ और सस्ता बनाया जा रहा है।
अमृत भारत एक्सप्रेस की सबसे बड़ी खासियत इसकी 'पुश-पुल' तकनीक है, जो ट्रेन को दोनों सिरों से संचालित करने और गति बढ़ाने में मदद करती है। सुरक्षा और सुविधा के लिहाज से इनमें सीसीटीवी कैमरे, इमरजेंसी टॉक-बैक सिस्टम, अग्निशमन यंत्र, सीलबंद गैंगवे और दिव्यांग अनुकूल कोच जैसी आधुनिक सुविधाएं दी गई हैं। ये विशेषताएं यात्रियों को सुरक्षित और आरामदायक सफर का अनुभव कराती हैं।
ये रूट धार्मिक और आर्थिक दोनों दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। बनारस-पुणे और अयोध्या-मुंबई रूट पर सीधी कनेक्टिविटी मिलने से तीर्थयात्रियों, प्रवासी श्रमिकों और नियमित यात्रियों को बड़ा लाभ होगा। विशेष रूप से अयोध्या-मुंबई रूट सुल्तानपुर, प्रतापगढ़, जबलपुर और नासिक जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगा, जिससे उत्तर और पश्चिम भारत के बीच पर्यटन और व्यापार को नई गति मिलेगी।