नारायणपुर: छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग अंतर्गत नारायणपुर जिले में चलाए जा रहे सघन नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को एक और महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। जिले के धनोरा थाना क्षेत्र के तोयापारा गांव के समीप जंगलों में छत्तीसगढ़ पुलिस और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) की 45वीं वाहिनी के जवानों ने एक संयुक्त तलाशी अभियान (Joint Search Operation) के दौरान माओवादियों द्वारा निर्मित एक लकड़ी के नक्सली स्मारक को सफलतापूर्वक ध्वस्त कर दिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नक्सली संगठन इस प्रकार के स्मारकों का निर्माण क्षेत्र में अपना प्रभुत्व दर्शाने, नए कैडरों को भ्रमित करने तथा प्रचार-प्रसार फैलाने के उद्देश्य से करते हैं।
सुरक्षा बल इस क्षेत्र में नक्सलियों के बुनियादी ढांचे और उनके प्रतीकात्मक प्रभाव को पूरी तरह से समाप्त करने के उद्देश्य से निरंतर गश्त कर रहे हैं। इस अभियान में स्थानीय ग्रामीणों का भी सक्रिय सहयोग प्राप्त हुआ, जिनकी मदद से जंगलों के भीतर छिपे इस ढांचे को उखाड़ फेंका गया। अधिकारियों ने बताया कि बस्तर क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और विकास की बयार बहाने के लिए सुरक्षा बल प्रतिबद्ध हैं तथा नक्सलियों के किसी भी तरह के निर्माण या गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
नारायणपुर पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों और ग्रामीणों से अपील की है कि वे क्षेत्र में किसी भी संदिग्ध नक्सली गतिविधि या छिपे हुए ढांचों के संबंध में तुरंत निकटतम पुलिस थाने या सुरक्षा कैंप में सूचना दें। पुलिस ने आश्वस्त किया है कि सूचना देने वाले किसी भी नागरिक की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी ताकि ग्रामीण बिना किसी भय के नक्सल उन्मूलन अभियान में सहयोग कर सकें।