बनारस न्यूज डेस्क: जिले के लंका चौराहे के पास एक ई-रिक्शा से बरामद हड्डी और मांस के मामले में पुलिस ने सैंपल जांच के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। लंका पुलिस ने एफएसएल टीम की मदद से बरामद सामग्री की सैंपलिंग कराई है। इन नमूनों को जांच के लिए मथुरा स्थित लैब भेजा जाएगा, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हड्डियां और मांस किस जानवर के हैं।
इस मामले में दुर्गाकुंड मानस नगर कॉलोनी निवासी सत्यम पांडेय की तहरीर पर पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान अल्ताफ उर्फ मुकेश और शमीम, निवासी गौरीगंज (भेलूपुर) के रूप में हुई है। गुरुवार को दोनों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
घटना बुधवार रात की है। बताया गया कि लंका चौराहे के पास एक ई-रिक्शा से तेज दुर्गंध आ रही थी। वहां से गुजर रहे सत्यम पांडेय को शक हुआ तो उन्होंने चालक से पूछताछ की। चालक पहले बोरी में मुर्गियों का चारा होने की बात कहने लगा, लेकिन बाद में उसके जवाब बदलने लगे। इससे संदेह और बढ़ गया।
सत्यम ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। इसी दौरान चालक ई-रिक्शा लेकर भागने लगा, लेकिन उसे कुछ ही दूरी पर पकड़ लिया गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब बोरी खोलकर देखी तो उसमें हड्डियां और मांस पाए गए। पूछताछ में आरोपियों ने दावा किया कि यह पुरानी भैंस की हड्डियां हैं। थाना प्रभारी राजकुमार शर्मा ने बताया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि हड्डियां किस जानवर की हैं।