वैश्विक बाजारों के नकारात्मक रुख और डॉलर की मजबूती के बीच राष्ट्रीय राजधानी के सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी रहा। लगातार चौथे कारोबारी सत्र में भारी मुनाफावसूली और कमजोर मांग के कारण 99.9% शुद्धता वाला सोना 1,600 रुपये गिरकर 1,52,400 रुपये प्रति 10 ग्राम (सभी करों सहित) पर आ गया। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में तेजी और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने बहुमूल्य धातुओं की धारणा को प्रभावित किया है।
चांदी के बाजार में भी बिकवाली का तेज असर देखने को मिला। औद्योगिक मांग में सुस्ती और वायदा कारोबार में बिकवाली के चलते चांदी का भाव 5,000 रुपये घटकर 2,37,000 रुपये प्रति किलोग्राम (करों सहित) रह गया। वैश्विक बाजारों में स्पॉट गोल्ड $33.74 गिरकर $4,253.61 प्रति औंस और चांदी 1.4% टूटकर $63.56 प्रति औंस पर दर्ज की गई।
हालांकि, अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये के कमजोर होकर 95.96 के स्तर पर पहुंचने से स्थानीय बाजार में कीमतों की गिरावट को कुछ सीमा तक सहारा भी मिला। जिंस बाजार के विश्लेषकों का मानना है कि जब तक अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्याज दरों और बॉन्ड यील्ड को लेकर अनिश्चितता बनी रहेगी, तब तक घरेलू बाजार में अल्पकालिक उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।